Best News Portal Development Company In India

मालिकाना हक पर उठे सवाल, जानिए पूरी सच्चाई

नई दिल्ली / बेंगलुरु:
आईपीएल की सबसे चर्चित टीमों में से एक रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) एक बार फिर सुर्खियों में है। इस बार कारण है – उसकी संभावित बिक्री की अटकलें। सोशल मीडिया पर खबरें तेजी से वायरल हो रही हैं कि RCB को बेचने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है, और जल्द ही इसके मालिक बदल सकते हैं।

क्या यह सिर्फ एक अफवाह है या इसके पीछे कुछ ठोस तथ्य भी हैं? आइए, विस्तार से जानते हैं RCB के मालिक, उनकी रणनीति और टीम के भविष्य से जुड़ी पूरी कहानी।

RCB की शुरुआत और मालिकाना ढांचा

रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की स्थापना 2008 में हुई थी, जब आईपीएल की पहली नीलामी में इस फ्रेंचाइज़ी को विजय माल्या की कंपनी यूनाइटेड स्पिरिट्स लिमिटेड (USL) ने ₹464 करोड़ में खरीदा था। यह उस समय की दूसरी सबसे महंगी फ्रेंचाइज़ी थी।

बाद में जब विजय माल्या पर कर्ज और कानूनी शिकंजा बढ़ा, तब USL का नियंत्रण ब्रिटिश शराब कंपनी डायजियो (Diageo) के हाथों में चला गया। फिलहाल RCB का स्वामित्व Diageo के पास है, और यह टीम Royal Challengers Sports Private Limited नाम की एक सब्सिडियरी के अंतर्गत चलती है।

 क्या बिकने जा रही है RCB?

हाल ही में एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि डायजियो अब RCB को बेचने पर विचार कर रही है। यह चर्चा तब और गर्म हो गई जब कुछ निवेश फर्मों और बड़े व्यापारिक समूहों ने टीम में रुचि दिखाई।

कई सोशल मीडिया अकाउंट्स ने दावा किया कि टाटा ग्रुप, मुक्ता आर्ट्स, और यहां तक कि कुछ बॉलीवुड हस्तियां RCB खरीदने के लिए बोली लगाने की तैयारी में हैं। हालांकि डायजियो की ओर से अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि या खंडन नहीं आया है।

 टीम के मूल्यांकन और ब्रांड वैल्यू

RCB की ब्रांड वैल्यू की बात करें तो:

  • 2023 में इसकी अनुमानित वैल्यू ₹8500 करोड़ से ₹9000 करोड़ के बीच आंकी गई थी।

  • यह लगातार टॉप-5 सबसे ज्यादा कमाई करने वाली आईपीएल टीमों में रही है।

  • विराट कोहली, एबी डिविलियर्स और ग्लेन मैक्सवेल जैसे सितारों की मौजूदगी ने इसकी लोकप्रियता और बाजार मूल्य को काफी बढ़ाया।

RCB भले ही अब तक एक बार भी IPL ट्रॉफी न जीत सकी हो, लेकिन इसकी फैन फॉलोइंग, मर्चेंडाइज़िंग और डिजिटल एंगेजमेंट बाकी टीमों से काफी आगे है।

 RCB को बेचने के संभावित कारण

अगर डायजियो RCB बेचने का निर्णय लेता है, तो उसके पीछे कुछ संभावित कारण हो सकते हैं:

  1. बिजनेस फोकस में बदलाव: डायजियो एक शराब कंपनी है और उसका मूल कारोबार स्पोर्ट्स से नहीं जुड़ा है। वे अपनी पूंजी को कोर सेक्टर में लगाना चाह सकते हैं।

  2. ऊंचे दाम पर बिक्री का अवसर: वर्तमान में आईपीएल टीमों की ब्रांड वैल्यू अपने चरम पर है। ऐसे में डायजियो के लिए यह एक अच्छा एग्जिट पॉइंट हो सकता है।

  3. नए निवेशकों की रुचि: जैसे-जैसे खेलों का व्यावसायीकरण बढ़ रहा है, बड़े बिजनेस हाउस और विदेशी निवेशक स्पोर्ट्स फ्रेंचाइज़ियों में पैसा लगाने के लिए तैयार हैं।

 क्या BCCI से अनुमति जरूरी है?

हां, किसी भी आईपीएल टीम की बिक्री या मालिकाना हक में बदलाव के लिए भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की पूर्व अनुमति आवश्यक होती है। इसके साथ ही:

  • नए मालिक को BCCI के बनाए गए फ्रेंचाइज़ी गाइडलाइंस का पालन करना होता है।

  • नए कॉन्ट्रैक्ट साइन होते हैं, और खिलाड़ियों की सैलरी, स्पॉन्सरशिप, स्टेडियम एग्रीमेंट आदि का ट्रांजिशन प्लान बनाया जाता है।

इसलिए अगर RCB को बेचा भी जाता है, तो यह प्रक्रिया पूर्ण पारदर्शिता और समयबद्ध तरीके से ही हो सकती है।

 क्या विराट कोहली इससे प्रभावित होंगे?

RCB और विराट कोहली का रिश्ता बेहद खास है। उन्होंने 2008 से लेकर अब तक सिर्फ एक ही टीम के लिए खेला है — RCB। हालांकि उन्होंने 2022 में कप्तानी छोड़ दी, लेकिन टीम और उनके रिश्ते में कोई दरार नहीं आई है।

अगर मालिकाना हक बदलता भी है, तो विराट कोहली की भूमिका और स्थिति तत्काल नहीं बदलेगी। नया मालिक चाहे तो उन्हें ब्रांड एंबेसडर या मेंटर जैसी भूमिका में और अधिक शामिल कर सकता है।

 सोशल मीडिया पर बवाल

RCB की बिक्री की खबर ने सोशल मीडिया पर मिश्रित प्रतिक्रियाएं दी हैं:

  • कुछ फैंस इसे “नई शुरुआत” मान रहे हैं, तो

  • कुछ कह रहे हैं “RCB को कोई और चला सकता है, लेकिन दिल में कोहली ही रहेगा।”

#RCBForSale और #SaveRCB जैसे हैशटैग ट्विटर पर ट्रेंड कर चुके हैं।

 

 

 

 

 

 

 

 

Awaz Mazha
Author: Awaz Mazha

Share this post:

खबरें और भी हैं...

लाइव टीवी

लाइव क्रिकट स्कोर

चांदी सोने की कीमत

Weather Data Source: Wetter Indien 7 tage

Quick Link