Sonam, राज और वो…: राजा रघुवंशी हत्याकांड में कौन है तीसरा किरदार? सामने आया एक और बड़ा खुलासा
कभी-कभी हकीकत, कल्पना से भी ज्यादा चौंकाने वाली होती है। राजा रघुवंशी हत्याकांड की कहानी भी कुछ ऐसी ही है, जिसमें रोज़ नए खुलासे हो रहे हैं और हर दिन एक नया किरदार सामने आ रहा है।
जहां पहले Sonam और राज के बीच प्रेम संबंधों और धोखे की गाथा ही चर्चा में थी, वहीं अब इस हाई-प्रोफाइल केस में एक तीसरे रहस्यमयी किरदार की एंट्री ने कहानी को पूरी तरह से पलट दिया है।
यह तीसरा व्यक्ति कौन है? क्या यही
है अस
ली गुनहगार? या फिर यह भी उसी साज़िश का हिस्सा है जिसकी पटकथा पहले ही रची जा चुकी थी?
घटना की पृष्ठभूमि
राजा रघुवंशी एक उभरता हुआ व्यवसायी था, जिसकी छवि समाज में प्रभावशाली मानी जाती थी। उसका नाम Sonam से जुड़ा और फिर उनकी दोस्ती प्यार में बदल गई।
परंतु कुछ महीनों से दोनों के रिश्तों में खटास आ गई थी। इसी दौरान राज नामक युवक भी Sonam की जिंदगी में आया, जिसने इस पूरे मामले को और जटिल बना दिया।
राजा की अचानक हुई हत्या ने हर किसी को स्तब्ध कर दिया। शुरू में शक की सुई Sonam और राज की तरफ घूमी, लेकिन पुलिस की तफ्तीश ने जब तीसरे शख्स के सुराग दिखाए तो पूरा केस एकदम उलझ गया।
कौन है तीसरा किरदार?
सूत्रों के अनुसार, यह तीसरा शख्स Sonam
और राज दोनों से जुड़ा हुआ था। वह न केवल इन दोनों के निजी जीवन की गतिविधियों से वाकिफ था, बल्कि घटना के दिन आसपास मौजूद भी था।
कई CCTV फुटेज, मोबाइल लोकेशन ट्रैकिंग और कॉल डिटेल्स की मदद से पुलिस ने इस व्यक्ति की मौजूदगी को ट्रेस किया है। उसकी भूमिका संदिग्ध है – क्या वह सिर्फ एक गवाह है या हत्या की साजिश का हिस्सा?
Sonam की भूमिका संदिग्ध क्यों?
Sonam शुरू से ही खुद को निर्दोष बताती रही है। लेकिन उसकी कुछ कॉल रिकॉर्डिंग और सोशल मीडिया चैट्स से ऐसा प्रतीत होता है कि वह हत्या से पहले मानसिक रूप से बेहद तनाव में थी और बार-बार किसी तीसरे व्यक्ति से मिल रही थी।
क्या Sonam इस तीसरे व्यक्ति से मदद मांग रही थी? या फिर वे मिलकर किसी बड़ी योजना को अंजाम दे रहे थे?
राज की चुप्पी, एक बड़ी पहेली
राज की भूमिका भी कम संदिग्ध नहीं है। पुलिस पूछताछ में उसने कई बार बयान बदले हैं। एक ओर वह Sonam के लिए समर्पित प्रेमी होने का दावा करता है, दूसरी ओर तीसरे शख्स के बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं देता।
यह चुप्पी कहीं न कहीं साजिश की पुष्टि करती है, लेकिन उसके पास कोई ठोस सबूत नहीं है जो खुद को पूरी तरह निर्दोष साबित कर सके।
जांच की दिशा बदलने वाला मोड़
तीसरे व्यक्ति की पहचान होते
ही पुलिस की जांच की दिशा पूरी तरह से बदल गई है। पहले जहां यह एक प्रेम त्रिकोण से प्रेरित मर्डर केस लग रहा था, अब यह एक संभावित साजिश का परिणाम प्रतीत हो रहा है, जिसमें वित्तीय लेनदेन, ब्लैकमेल और व्यक्तिगत प्रतिशोध जैसे कई एंगल सामने आ रहे हैं।
क्राइम थ्रिलर से कम नहीं है यह मामला
यह केस सोशल मीडिया, खबरों और स्थानीय जनमानस में चर्चा का केंद्र बन गया है। लोग इसे किसी बॉलीवुड थ्रिलर से कम नहीं मान रहे।
“Sonam, राज और वो…”—इस शीर्षक के साथ समाचार चैनल और यूट्यूब चैनल्स पर रोज़ नई कहानियाँ वायरल हो रही हैं।
कुछ लोग इसे एक प्रेम संबंध में हुई ग़लतफ़हमी का परिणाम मानते हैं, तो कुछ इसे सुनियोजित हत्या बताते हैं।
पुलिस की अगली रणनीति
पुलिस का कहना है कि वह तीसरे व्यक्ति से पूछताछ के लिए जल्द ही नोटिस जारी करेगी। अगर वह व्यक्ति गिरफ्त में आता है तो इस केस की गुत्थी जल्द ही सुलझ सकती है।
बैंक ट्रांजैक्शन, कॉल रिकॉर्ड, CCTV फुटेज और DNA सैंपल से जांच को निर्णायक दिशा में ले जाने की तैयारी चल रही है।
जनता की नजरें केस के अंजाम पर
लोगों की आंखें अब इस केस के फैसले पर टिकी हैं। वे जानना चाहते हैं कि राजा रघुवंशी की हत्या के पीछे असली वजह क्या थी? क्या यह सिर्फ एक प्रेम त्रिकोण था या इसके पीछे कोई और गहरा राज छुपा है?








